भिलाई/दुर्ग।
रंगों के पावन पर्व होली को शांतिपूर्ण और सुरक्षित संपन्न कराने के लिए दुर्ग पुलिस ने कमर कस ली है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार जिले के संवेदनशील और भीड़-भाड़ वाले इलाकों में पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारियों ने संयुक्त रूप से व्यापक फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान लगभग 900 पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों की ड्यूटी तैनात की गई है, जो शहर के कोने-कोने पर नजर रखेंगे।
ड्रोन और ‘बाज़’ टीम की रहेगी पैनी नजर
इस बार सुरक्षा व्यवस्था को हाई-टेक बनाते हुए ड्रोन कैमरों का सहारा लिया जा रहा है। शहर के उन रास्तों और गलियों में जहाँ पुलिस की गाड़ियाँ नहीं पहुँच पाती, वहाँ ड्रोन के जरिए अपराधियों और नशेड़ियों पर नजर रखी जाएगी। साथ ही, किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए “बाज़” विशेष क्विक रिस्पांस टीम का गठन किया गया है, जो सूचना मिलते ही तत्काल मौके पर पहुँचकर कार्यवाही करेगी।
महिला और बच्चों की सुरक्षा के लिए ‘विशेष पेट्रोलिंग’
दुर्ग पुलिस ने इस बार महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। विशेष महिला पेट्रोलिंग टीम का गठन किया गया है ताकि पर्व के दौरान महिलाएं और बच्चे बिना किसी डर के होली का आनंद ले सकें।
कलेक्टर और एसपी ने खुद संभाली कमान
फ्लैग मार्च में कलेक्टर, अपर कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार सहित पुलिस अधीक्षक और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षकों ने स्वयं सड़कों पर उतरकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। मार्च दो मुख्य टीमों में विभाजित था:
पहली टीम: सेक्टर-06 से शुरू होकर सुपेला, खुर्सीपार, जामुल और पुरानी भिलाई जैसे प्रमुख क्षेत्रों का भ्रमण किया।
दूसरी टीम: पुलगांव चौक से लेकर जेल तिराहा, मोहन नगर और दुर्ग शहर के अंदरूनी हिस्सों में पेट्रोलिंग की।
दुर्ग पुलिस की अपील: शांति बनाए रखें
पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे सौहार्दपूर्ण वातावरण में होली मनाएं। किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और यदि कोई असामाजिक गतिविधि दिखाई दे, तो तुरंत नजदीकी थाना या कंट्रोल रूम को सूचित करें। कानून तोड़ने वालों के खिलाफ विधिसम्मत कठोर कार्यवाही की जाएगी।





